Marne Ka Iraada

Marne Ka Iraada

Tu Badnaam Na Ho Jaye Iss Liye Jee Raha Hun Main,
Varna Marne Ka Iraada To Roj Hi Hota Hai.

तू बदनाम न हो जाए इस लिए जी रहा हूँ मैं,
वरना मरने का इरादा तो रोज ही होता है।

Tumne Kya Socha Ki
Tumhare Siva Koyi Nahi Mujhe Chahane Wala,
Tu Chhod Kar To Dekh,
Maut Taiyaar Khadi Hai Mujhe Seene Se Lagane Ko.

तुमने क्या सोचा कि
तुम्हारे सिवा कोई नही मुझे चाहने वाला,
तू छोङ कर तो देख,
मौत तैयार खड़ी है मुझे सीने से लगाने को।

Kya Dete Ham Kisi Ko Muskuraahat,
Ham Apane Ashqon Se Zaar-Zaar The,
Kya Dete Kisi Ko Zindagi Ka Tohafa,
Ham To Apani Maut Se Bezaar The.

क्या देते हम किसी को मुस्कुराहट,
हम अपने अश्कों से ज़ार-ज़ार थे,
क्या देते किसी को ज़िंदगी का तोहफा,
हम तो अपनी मौत से बेज़ार थे।

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